फतेहगंज पूर्वी पुलिस की अजीबोगरीब कहानी ,।।मात्र शिकायत करने पर दविश देने पहुंच गए हलका इंचार्ज।।
घर में घुसकर महिला से की हाथापाई वीडियो बनाने पर महिला का तोड़ दिया मोबाइल
नेशनल 24 लाइव न्यूज़ बरेली थाना फतेहगंज पूर्वी
गति दिवस रात्रि में हलका इंचार्ज ग्रामेटिकल में एक महिला के घर पहुंचे और महिला से उसके पति के बारे में पूछताछ की महिला ने पति के बाहर होने की बात कही इस पर हलका इंचार्ज उसको धक्का देकर जबरदस्ती घर में घुस आए महिला ने जब इस घटना का वीडियो बनाना चाहा तो दरोगा ने गुस्से में हस्तफाबाद करते हुए महिला का मोबाइल छोड़ दिया
और इसी दौरान अभद्र भाषा के साथ जाति सूचक शब्दों का प्रयोग भी किया और उसके घर में खड़ी हुई पति की मोटरसाइकिल का चलन भी कर दिया और धमकी देकर चले गए महिला का पति जब शनिवार को घर पर आया तो पूरी जानकारी उसको हुई इसके बाद उक्त महिला एसपी कार्यालय बरेली पहुंची और हलका इंचार्ज के खिलाफ शिकायती प्रार्थना पत्र वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को सोपा।
ग्राम पंचायत बीलपुर थाना फतेहगंज पूर्वी के ग्राम विलपुर अकतूनगला की गीता ने शनिवार को बरिषठ पुलिस अधीक्षक बरेली को दिए गए शिकायती पत्र में बताया कि शुक्रवार की रात उसका पति बाहर गया हुआ था ,वह घर में अकेली थी ।
इसी दौरान उप निरीक्षक हलका इंचार्ज दो पुलिस कर्मियों के साथ उसके घर पर आए और उन्होंने पति के बारे में पूछताछ की जब उसने बताया कि पति काम से बाहर गए हुए हैं। मैं घर पर अकेली हूं। उसके बावजूद भी हल्का इंचार्ज जबरदस्ती उसके घर में घुस गए और जाति सूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए उसको गालियां बकी जब वह इसका वीडियो बनाने लगी तो दरोगा ने उसका मोबाइल छीन कर तोड़ दिया।।
उक्त घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर हुआ वायरल
वैसे तो रिपोर्ट दर्ज होने के बाद भी पुलिस दिश देने से कतराती है,लेकिन थाना फतेहगंज पूर्वी में तैनात हलका इंचार्ज इतने सक्रिय हो गए कि वह एक शिकायत पर ही देर रात ग्राम बिलपुर के ग्राम अकतूनगला में महिला के घर दविश देने पहुंच गए।।
महिला के घर के ही पड़ोस में रहने वाले अवधेश की पत्नी ने कहा सुनी का आरोप लगाते हुए शिकायती पत्र थाना फतेहगंज पूर्वी में दिया था ।जिसमें हलका इंचार्ज टीम के साथ दविश देने गए हुए थे पुलिस को देखकर आरोपी फरार हो गया ।वायरल वीडियो में दरोगा कोई भी अभद्रता करते नहीं दिख रहे हैं ,उलटा महिला ही पुरुष के साथ अभद्र व्यवहार कर रही है ।।
मदन मोहन चतुर्वेदी