3 सितंबर दिन मंगलवार को शेखूपुर स्टेशन पर झगड़ा हो गया था पीयूष गुप्ता पुत्र कंचन गुप्ता पति पंकज गुप्ता कल सुबह 7:00 वाली ट्रेन से कंचन गुप्ता पुत्र पियूष गुप्ता बरेली जा रहे थे शेखूपुर स्टेशन पर टिकट खिड़की पर भीड़ बहुत थी
तभी कंचन गुप्ता ने अपने बेटे से कहा बेटा भीड़ बहुत है टिकट हम ले लेते हैं उन्होंने अपने टिकट के पैसे दिए खिड़की पर लेडिस तो एक दो थी मगर आदमी बहुत थे इसलिए उन्होंने पैसे रखकर हाथ निकाल लिया था
जो आदमी टिकट ले रहे थे उसके बाद उन्होंने कहा कि हमें टिकट दो तो टिकट बांटने वाला बोलता है तूने पैसे ही कहां दिए हैं उन्होंने कहा भैया मैंने पैसे दिए हैं मुझे टिकट दे दो इसी बात को लेकर काफी गर्म हो गया
वह काफी बदतमीजी बोल निकला वहां पर उनका बेटा खड़ा हुआ था बोले तुम बोल कैसे रहे हो तो बोला तू क्या करेगा तेरी बदमाशी अभी ढीली करता हूं जहां टिकट बट रहे थे जहां खिड़की पर भीड़ लगी थी वहां पर आकर कंचन गुप्ता को मां बहन की गाली दे निकाला
और भतीजे से भी बदतमीजी बोल निकला उसे पर हाथ छोड़ दिया और उसे जहां पर टिकट बनता है अंदर वहां ले गया बुलाकर वहां पर उससे हाथापाई कर दी कंचन गुप्ता ने जब बचाया तो उनका हाथ पकड़ कर ऐड दिया
इस दौरान उनके अंगूठी निकाल ली और पीयूष की उंगली चबली बाद में फिर अंदर से डंडा निकाल लिया बोल तेरी बदमाशी ढीली करता हूं तुझ पर लूट का मुकदमा लगाऊंगा
पीयूष गुप्ता बीकॉम सेकंड ईयर का छात्र है पीयूष गुप्ता से मारपीट भी हुई और दंड भी लग गया लोगों ने बीच बचाव कर दिया था