अटल जयंती शताब्दी समापन समारोह में प्रतियोगिताओं के विजेता हुए पुरस्कृत

Notification

×

All labels

All Category

All labels

अटल जयंती शताब्दी समापन समारोह में प्रतियोगिताओं के विजेता हुए पुरस्कृत

Thursday, December 25, 2025 | December 25, 2025 Last Updated 2025-12-25T13:19:04Z
    Share
अटल जयंती शताब्दी समापन समारोह में प्रतियोगिताओं के विजेता हुए पुरस्कृत

अटल बिहारी वाजपेई जन्म शताब्दी समारोह के सात दिवसीय कार्यक्रम का समापन राजकीय महाविद्यालय आवास विकास बदायूं के सभागार में समारोहपूर्वक संपन्न हुआ, मुख्य अतिथि नगर विधायक महेश चन्द्र गुप्ता ने जिला स्तरीय भाषण प्रतियोगिता , निबंध एवं काव्य पाठ प्रतियोगिता के प्रथम,

 द्वितीय एवं तृतीय विजेताओं को प्रमाणपत्र और शासन द्वारा निर्धारित धनराशि प्रदान कर सम्मानित किया। साथ ही प्रदेश शासन के द्वारा लखनऊ में आयोजित मुख्य समारोह का सजीव प्रसारण किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता अपर जिलाधिकारी प्रशासन अरुण कुमार ने तथा संचालन सांस्कृतिक परिषद के संयोजक डॉ राकेश कुमार जायसवाल ने किया।

मुख्य अतिथि नगर विधायक महेश चन्द्र गुप्ता, कार्यक्रम अध्यक्ष अपर जिलाधिकारी प्रशासन, विशिष्ट अतिथि प्रभारी मुख्य विकास अधिकारी अखिलेश चौबे, जिला विद्यालय निरीक्षक लालजी यादव, प्राचार्य लेफ्टिनेंट डॉ श्रद्धा गुप्ता आदि ने माँ सरस्वती की प्रतिमा एवं अटल जी के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का उदघाटन किया ।

सभी अतिथियों का स्वागत पुष्पगुच्छ प्रदान कर किया गया। भाषण प्रतियोगिता के प्रथम विजेता अनूप सिंह को पुरस्कार स्वरूप दस हजार रुपए का चैक प्रदान किया गया। द्वितीय विजेता सुदेश को 5000 एवं तृतीय विजेता कुणाल शर्मा 2500 का चैक दिया गया। अटल जी की जीवनी एवं

 कविताओं पर आधारित जिला स्तरीय काव्यपाठ प्रतियोगिता की प्रथम विजेता शगुन शर्मा को दस हजार, द्वितीय विजेता अरुण सिंह को पॉच हजार तथा तृतीय विजेता सुमन को ढाई हजार रुपए का चैक प्रदान किया गया। माध्यमिक शिक्षा स्तर पर हुई निबंध प्रतियोगिता में वशिष्ठ पाल , योगेंद्री कुमारी और सेबी को क्रमशः पांच , तीन और दो हजार रुपए का पुरस्कार दिया गया।

  मुख्य अतिथि नगर विधायक महेश चन्द्र गुप्ता ने कहा कि अटल जी का व्यक्तित्व इतना विशाल है कि उनसे अपने देश ही नहीं अपितु दुनिया के लोकतांत्रिक देशों के अधिकांश सफल राजनीतिज्ञ प्रेरणा लेते हैं और समन्वयवादी राजनीतिक कला कौशल को स्वयं में विकसित करने का प्रयास करते हैं।

 उन्होंने कहा कि सभी विचारों में समन्वय स्थापित करते हुए मानव का कल्याण और मानवता की रक्षा करने का जो उनका सपना था उसे साकार करना हम सभी का कर्तव्य है।
 कार्यक्रम अध्यक्ष अपर जिलाधिकारी प्रशासन ने कहा कि अटल जी चलते फिरते स्वयं में राजनीति विज्ञान के एक संस्थान थे। सुशासन के आदर्श को स्थापित करने के लिए उन्होंने अपने मूल्यों से कभी समझौता नहीं किया।


डॉ राकेश कुमार जायसवाल ने कहा कि आज जो राजनीतिक दलों में कटुता और वैमनस्यता की भावना प्रबल हो रही है उनके लिए लिए अटल जी का व्यक्तित्व, कृतित्व, लोकप्रियता एवं अनूठी कार्य शैली एक आईना है।
प्राचार्य डॉ श्रद्धा गुप्ता ने कहा कि पोखरण परमाणु परीक्षण करने का दृढ़ निश्चय, कारगिल युद्ध में विजय प्राप्त करने का उनका अटल इरादा और अटल विश्वास भारत को विकसित भारत बनाने के अभियान में आधारभूमि सिद्ध हो रहा है। 


 समारोहक डॉ रविन्द्र सिंह यादव ने सभी के प्रति आभार ज्ञापित किया। डॉ अनिल कुमार डॉ बबीता यादव, डॉ सतीश सिंह यादव, डॉ हुकुम सिंह, डॉ संजीव राठौर, डॉ गौरव कुमार सिंह, डॉ संजय कुमार, डॉ दिलीप वर्मा, डॉ जुनेद आलम, डॉ सचिन कुमार, डॉ प्रेमचन्द चौधरी, डॉ राशेदा खातून, डॉ प्रियंका सिंह, संजीव शाक्य, प्रमोद शर्मा, वीर बहादुर, सुमित यादव आदि ने सहयोग प्रदान किया।


इस अवसर पर राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवियों सहित विभिन्न इण्टर कॉलेजों के शिक्षक प्रधानाचार्य छात्र छात्रा एवं एनसीसी कैडेट्स आदि उपस्थित थे।
CLOSE ADS
CLOSE ADS
close