नगर पालिका परिषद मिलक ने किया साप्ताहिक बाज़ार को तहस नहस : शंखधार
रामपुर (मिलक) । नगर पालिका परिषद मिलक द्वारा नगर की साप्ताहिक बाज़ार को तहस नहस कर दिया गया है। जिला अध्यक्ष आदेश शंखधार ने बताया कि नगर पालिका परिषद मिलक साप्ताहिक बाज़ार में दुकानों का निर्माण करके बाजार को समाप्त करना चाहती है।
जबकि बाजार के सैकड़ों दुकानदारों को बाजार में फड़ लगाने की जगह नहीं मिल पाती है वह लोग परेशान होकर रामलीला मैदान में अपने फड़ लगाकर सब्जियां बेचते हैं। अगर साप्ताहिक बाज़ार में दुकानों का निर्माण किया गया
तो पूरी बाजार खत्म हो जाएगी और सैकड़ों लोग बेरोजगार हो जाएंगे। इस संबंध में फड़ लगाने वाले दुकानदार उच्च न्यायालय इलाहाबाद गए थे वहां से उनको राहत मिली थी
कोर्ट ने कहा था कि किसी भी दुकानदार को पथ विक्रेता अधिनियम के अंतर्गत बेदखल नहीं किया जा सकता है। लेकिन नगर पालिका परिषद मिलक ने फड़ दुकानदारों को जगह उपलब्ध नहीं कराई तो फड़
विक्रेता पुनः उच्च न्यायालय इलाहाबाद गए और फड़ की जगह उपलब्ध कराने की अर्जी लगाई। लेकिन नगर पालिका परिषद मिलक ने तर्क दिया कि यह जगह पथ विक्रेता के लिए आवंटित नहीं की गई है।
और दुकानदारों को निराशा हाथ लगी। उसके बाद पुनः सब्जी फड़ विक्रेताओं ने उच्च न्यायालय इलाहाबाद में एक जनहित याचिका दाखिल की है। सब्जी दुकानदारों ने सभी जिम्मेदार अधिकारियों को अपनी पीढ़ा सुनाई कि जब तक कोर्ट का कोई निर्णय न आ जाए
तब तक निर्माण कार्य प्रारंभ न किया जाए लेकिन किसी भी अधिकारी ने एक न सुनी और नगर पालिका परिषद की जेसीबी ले जाकर फड़ों को तहस नहस कर दिया गया है। तथा नगर पालिका परिषद मिलक के
अधिशाषी अधिकारी राजेन्द्र कुमार द्वारा आदर्श आचार संहिता प्रभावी होने के बाबजूद भी नवीन कार्य का भूमि पूजन किया गया है। जिसकी शिकायत चुनाव आयोग, आयुक्त एवं जिलाधिकारी से की गई है।
आदेश शंखधार ने बताया कि उच्च न्यायालय इलाहाबाद पर हमें पूरा भरोसा है जो भी निर्णय आएगा उसको सहर्ष स्वीकार किया जाएगा। जब तक कोर्ट का कोई निर्णय न आ जाता तब तक निर्माण कार्य नहीं होना चाहिए।