अक्षय तृतीया कल, श्री बांके बिहारी मंदिर कमेटी द्वारा दिव्यांग, बुजुर्ग बच्चों को वृंदावन ना आने की सलाह

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अक्षय तृतीया कल, श्री बांके बिहारी मंदिर कमेटी द्वारा दिव्यांग, बुजुर्ग बच्चों को वृंदावन ना आने की सलाह

Thursday, May 9, 2024 | May 09, 2024 Last Updated 2024-05-09T11:36:09Z
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अक्षय तृतीया कल, श्री बांके बिहारी मंदिर कमेटी द्वारा दिव्यांग, बुजुर्ग बच्चों को वृंदावन ना आने की सलाह
Badaun May 9, 2024

 
बदायू 9 मई।
अक्षय तृतीया पर बांकेबिहारी मंदिर की गाइड लाइन जारी।
वृंदावन में अक्षय तृतीया पर बांकेबिहारी मंदिर ने गाइड लाइन जारी की है। बुजुर्ग, दिव्यांग और बच्चों को न आने की सलाह दी गई है।
तीर्थनगरी मथुरा के वृंदावन में श्रीबांकेबिहारी मंदिर प्रबंधन ने भीड़ को लेकर एडवाइजरी जारी की है। दरअसल शुक्रवार को अक्षय तृतीया पर्व है।


ऐसे में लाखों श्रद्धालु दर्शन करने पहुंचते हैं। प्रबंधन ने श्रद्धालुओं के वृंदावन आने से पहले भीड़ और मार्गों की सही स्थिति जानने की सलाह दी है।


कहा कि भीड़ में बुजुर्ग, दिव्यांगजन, छोटे बच्चे, बीमार एवं श्वास रोगी न आएं।
बांकेबिहारी मंदिर के प्रबंधक मुनीष कुमार शर्मा ने एडवाइजरी जारी की। कहा कि दर्शनार्थी मंदिर प्रबंधन और पुलिस प्रशासन द्वारा बनाए गए


वनवे रूट चार्ट पर चलें। नियमों का पालन करें। मंदिर आते समय श्रद्धालु कीमती सामान, आभूषण अपने साथ न लाएं। मंदिर परिसर के समीप जूता चप्पल रखने की कोई व्यवस्था नहीं है। जूता चप्पल मंदिर के प्रवेश मार्गों से पहले तिराहे-चौराहों पर बने निशुल्क जूता घरों में उतारकर ही मंदिर आएं।

मंदिर में जेबकतरों, चेन कतरों, मोबाइल चोरों से सतर्क रहें। मंदिर में आने वाले बुजुर्ग एवं बच्चों की जेब में नाम, पता एवं फोन नंबर लिखी पर्ची अवश्य लिखकर रखें।


 ताकि परिजन से बिछुड़ने पर वह पुन: मिल सके। दर्शनार्थियों के लिए खोया पाया केंद्र मंदिर कार्यालय एवं बांकेबिहारी पुलिस चौकी पर बनाया गया है। श्रद्धालु किसी भी संदिग्ध गतिविधि या वस्तु की सूचना अपने पास खड़े सुरक्षाकर्मी या पुलिस चौकी में अवश्य दें।



मंदिर प्रबंधन ने श्रद्धालुओं को सलाह दी है कि मंदिर के रास्ते, उसके अंदर खड़े होकर सेल्फी न लें। मार्ग अवरुद्ध न करें। मंदिर में दर्शन करने के बाद


 अनाश्यक रूप से मंदिर परिसर में खड़े न हों। दर्शन के बाद निकास द्वार से बाहर निकलें। ताकि अन्य श्रद्धालुओं को भी ठा. बांकेबिहारी महाराज के दर्शन का लाभ हो सके।
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