आधी रात में पुलिस को दो साल का मासूम लावारिस हालत में घूमता मिला,विधायक ने शिशु सदन पहुंचाया
संवाददाता मुस्कान अंसारी
*रामपुर*। आधी रात में पुलिस को दो साल का मासूम लावारिस हालत में घूमता मिला। पुलिस उसे थाने लेकर पहुंची, जहां विधायक आकाश सक्सेना भी पहुंच गए। विधायक बच्चे को लेकर अस्पताल गए फिर वहां से शिशु सदन ले गए।
शिशु सदन से कर्मचारी गायब मिले। विधायक ने जिला प्रोबेशन अधिकारी (डीपीओ) को फोन किया तो उनका फोन नहीं उठा। विधायक ने डीएम से डीपीओ की शिकायत की।मामला सिविल लाइंस थाना क्षेत्र का है।
पुलिस को मंगलवार की रात में सूचना मिली कि राजकीय आश्रम पद्धति इंटर काॅलेज के पास करीब दो साल का एक लावारिस बच्चा घूम रहा है।
सूचना मिलने के बाद इंस्पेक्टर अजय मिश्रा तुरंत मौके पर पहुंच गए और बच्चे को थाने ले आए। उसे दूध पिलाया। जानकारी मिलने पर विधायक भी थाने पहुंच गए। उसे बुखार था।
विधायक ने डीपीओ लवकुश भार्गव को 20-25 काॅल की लेकिन उनका फोन नहीं उठा। बाद में विधायक सिविल लाइंस इंस्पेक्टर के साथ बच्चे को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे और उपचार कराया। इसके बाद बच्चे को शिशु सदन ले जाया गया, लेकिन वहां कोई कर्मचारी नहीं मिला। बाद में स्टाफ ने फोन कर अधीक्षक रामेंद्र शेखर को घर से बुलाया।
विधायक ने शिशु सदन का उपस्थिति रजिस्टर चेक किया, तो शिवशंकर नाम के कर्मचारी की तैनाती शिशु सदन में थी, लेकिन वह मौके पर नहीं था। जानकारी करने पर पता चला कि वह डीपीओ का चालक है। डीपीओ ने 10 जून तक एक भी दिन शिशु सदन जाकर नहीं देखा था। विधायक ने इसकी शिकायत डीएम जोगिंदर सिंह से की।
डीएम ने डीपीओ सी छीना बीडीओ का चार्ज 0
शहर विधायक आकाश सक्सेना की शिकायत के बाद जिलाधिकारी जोगिंदर सिंह एक्शन में आ गए। चमरौआ के खंड विकास अधिकारी का चार्ज संभाल रहे डीपीओ लवकुश भार्गव से बीडीओ का चार्ज छीन लिया। साथ ही मामले की जांच कराने की बात कही।
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लावारिस बच्चे की जानकारी मिलने पर उसे लेकर शिशु सदन गए थे। वहां कोई कर्मचारी नहीं था। डीपीओ का रवैया अमानवीय रहा। इस मामले की शिकायत डीएम से की गई है।