जिम्मेदार मौन,लकड़ी माफियाओं के हौंसले बुलंद।
मुजरिया=थाना क्षेत्र में लगातार हो रहे अवैध हरे भरे पेड़ों के कटान से वनविभाग और पुलिस की सक्रियता पर प्रश्नचिन्ह लग गया है।
विगत कई माह से लगातार क्षेत्र में ही रहे हरे भरे पेड़ों के अवैध कटान के मामले सामने आने पर वन विभाग और पुलिस की सक्रियता बढ़ने के बजाय लकड़ी माफियाओं के हौंसले बुलंद हो रहे हैं।
दो दिन पूर्व भी क्षेत्र के नैथुआ में हरे पेड़ काटने की शिकायत आई थी,जिस पर कार्यवाही हो नहीं पाई तब तक रविवार की सुबह मुरसान और हंसुआ नगला लिंक मार्ग पर आम,नीम और शीशम के हरे पेड़ों के काटे जाने का मामला सामने आया है।
रविवार की सुबह ठेकेदारों ने आम और नीम के बाग को काटना शुरू कर दिया,जिसकी कोई परमिशन नहीं थी।पुलिस और वन विभाग से ठेकेदारों की सांठगांठ के चलते बेधड़क अवैध कटान किया जा रहा है।
क्षेत्र में अवैध हरे पेड़ों के कटान से चर्चाएं जोरों पर है कि प्रशासन ने आंखे मूंद ली हैं,कोई नहीं सुनने वाला।
यही हाल रहा तो पर्यावरण संरक्षण की दुहाई देने वालों को सोचने की मजबूर होना पड़ेगा।