किसानों की आबाज़ को दबाना चाहता है जिला प्रशासन : शंखधार
मिलक। भारतीय किसान संघ रामपुर के जिला अध्यक्ष आदेश शंखधार ने कहा है कि जिला प्रशासन किसानों की आबाज़ को चाहता है।
जबकि जनपद में भ्रष्टाचार चर्म सीमा पर है, जनपद के अधिकांश सरकारी कार्यालयों में जैसे कि न्यायालय उपजिलाधिकारी, न्यायालय तहसीलदार, उप निबंधक कार्यालय,
खण्ड विकास अधिकारी कार्यालय आदि सरकारी विभागों में निजी, प्राईवेट कर्मचारी सरकारी कार्य कर रहे हैं तथा किसानों को खुलेआम लूट रहे हैं और यह सब कुछ ज़िम्मेदार अधिकारियों की मिली भगत से ही संभव हो पर रहा है।
जनपद में बेमौसम बरसात से किसानों की फसलें तबाह हुईं लेकिन ठीक प्रकार से सर्वे नहीं कराया गया। धान ख़रीद में बहुत बड़ी मात्रा में धांधली हुई है।
निराश्रित गौवंशों से किसान परेशान है, खनन माफिया अत्याधिक सक्रिय हैं तथा गेहूं ख़रीद में न्यूनतम समर्थन मूल्य के साथ पांच सौ रुपए प्रति कुंतल का बोनस दिया जाए। उक्त के सम्बन्ध में भारतीय किसान संघ रामपुर,
मुख्यमंत्री को एक ज्ञापन देना चाहता था। लेकिन पुलिस द्वारा रात से ही कार्यकर्ताओं के घर पर डेरा डाल कर नज़र बन्द कर दिया गया है। जो कि उचित नहीं है
क्या किसान अपनी पीढ़ा अपने प्रदेश के मुख्यमंत्री से भी न करे इसपर भी पुलिस का पहरा लगा दिया गया है। हम इसकी निन्दा करते हैं तथा चेतावनी देते हैं कि जनपद रामपुर को भ्रष्टाचार मुक्त बनाया जाए
तथा किसानों की समस्याओं का समाधान अति शीघ्र कराया जाए अन्यथा मुख्यमंत्री से लखनऊ में जनता दरबार में उपस्थित होकर जनपद रामपुर में हो रहे भ्रष्टाचार से अवगत