दहेज की मांग पूरी न होने पर विवाहिता को प्रताड़ित करने का आरोप, पति समेत छह लोगों पर गंभीर आरोप
संवाददाता विनय कुमार अग्रवाल की रिपोर्ट फतेहगंज पूर्वी
भुता, बरेली। थाना भुता क्षेत्र के ग्राम दौलतपुर की एक विवाहिता ने अपने पति, सास-ससुर, देवर और ननद पर दहेज उत्पीड़न, मारपीट, छेड़छाड़ और जान से मारने की धमकी देने के गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़िता की तहरीर पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
ममता पुत्री बाबूराम पत्नी चन्द्रकान्त ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि करीब पांच वर्ष पूर्व उसका विवाह हिन्दू रीति-रिवाज के अनुसार चन्द्रकान्त पुत्र जगन्नाथ के साथ हुआ था। विवाह में उसके माता-पिता ने अपनी सामर्थ्य के अनुसार दान-दहेज दिया था, लेकिन शादी के कुछ समय बाद से ही ससुराल पक्ष के लोग अतिरिक्त दहेज की मांग को लेकर उसे प्रताड़ित करने लगे।
पीड़िता का आरोप है कि पति चन्द्रकान्त, सास गिरजा देवी, ससुर जगन्नाथ, ननद मिथलेश तथा देवर रविकान्त लगातार कार और 15 लाख रुपये नकद लाने का दबाव बना रहे थे। उसके पिता के हाल ही में सेवानिवृत्त होने के बाद उन्हें मिले फंड में से पांच लाख रुपये लाने की मांग भी की जा रही थी।
तहरीर में यह भी आरोप लगाया गया है कि देवर रविकान्त कई बार उसके साथ छेड़छाड़ करने का प्रयास कर चुका है, जबकि ससुर जगन्नाथ भी उस पर गलत नजर रखते थे। विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की जाती थी।
पीड़िता के अनुसार 16 जून की शाम को ससुराल पक्ष के लोगों ने उसके साथ मारपीट की थी। इसके अगले दिन 17 जून को उसे कमरे में बंद कर दोबारा पीटा गया तथा ससुर द्वारा बंदूक दिखाकर जान से मारने की धमकी दी गई। किसी तरह उसने डायल-112 पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद वह अपनी जान बचाकर वहां से निकल सकी।
पीड़िता का कहना है कि वह केवल पहने हुए कपड़ों में ही घर से निकल पाई, जबकि उसके जेवरात और अन्य सामान ससुराल में ही रखे हुए हैं। उसने पुलिस से आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई और सुरक्षा प्रदान किए जाने की मांग की है।
पुलिस ने तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।