साइबर ठग ने महिला को पहले दिखाया डर, फिर भेजा लिंक... क्लिक करते ही कट गए 10 लाख रुपये
बरेली की एक महिला के खाते से 10 लाख रुपये कट गए। महिला को साइबर ठग ने कॉल किया। कहा कि आपके कोरियर में ड्रग्स मिले हैं। लिंक भेजकर कहा कि साइबर क्राइम मुंबई से बात करिए। लिंक पर क्लिक करते ही महिला के खाते से रकम कट गई।
बरेली के रामपुर गार्डन में रहने वाली आयुषी जायसवाल के मोबाइल पर एक कॉल आई कि आपके कोरियर में ड्रग्स मिला है। आपको लिंक भेजकर साइबर क्राइम मुंबई से बात कराई जा रही है। जैसे ही आयुषी ने लिंक पर क्लिक किया, उनके खाते से 10 लाख रुपये कट गए।
रामपुर गार्डन निवासी आयुषी जायसवाल ने पुलिस को बताया कि उनका खाता आईसीआईसीआई बैंक में है। 13 अक्तूबर को उनके मोबाइल पर एक कॉल आई। कॉल करने वाले ने बताया कि आपके नाम का एक कोरियर मुंबई से ईरान जा रहा था। उसमें ड्रग्स मिला है। इस कारण मैं आपकी साइबर क्राइम मुंबई से बात करा रहा हूं।
एक लिंक भेजा जा रहा है। जैसे ही आप उस पर क्लिक करेंगी, आपकी बात साइबर क्राइम मुंबई से हो जाएगी। आयुषी कुछ समझ पातीं, उससे पहले उन्होंने लिंक पर क्लिक कर दिया और उनके खाते से 10 लाख रुपये कट गए। आयुषी ने बताया कि उनका पैसा केनरा बैंक नवी मुंबई में ट्रांसफर हुआ है। उनकी शिकायत पर साइबर थाना पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
व्हाट्सएप ग्रुप से जोड़कर 5.10 लाख रुपये ठगे
कूर्मांचलनगर निवासी मीनाक्षी भट्ट से 5.10 लाख रुपये की ठगी हो गई। उनके मुताबिक मई-जून में उनका मोबाइल नंबर फेसबुक आईडी से उठाकर एक व्हाट्सएप ग्रुप से जोड़ा गया था। जिस मोबाइल नंबर के माध्यम से उनका मोबाइल नंबर जोड़ा गया था, उसको वह नहीं जानती थी। ग्रुप में ऑनलाइन बिजनेस के नाम पर लालच दिया जा रहा था।
प्रश्नराम ठाकर और देव व्यास उस ग्रुप को संचालित कर रहे थे। मीनाक्षी का कहना है कि उन्होंने ऑनलाइन बिजनेस भी किया था। बाद में उन्होंने अपनी सारी धनराशि उसी बिजनेस में लगा दी। इसके बाद उनका नंबर ब्लॉक कर दिया गया। उनके खाते से 5.10 लाख रुपये की ठगी कर ली गई। उन्होंने ग्रुप एडमिन प्रश्नराम ठाकर और देव व्यास के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।